Astrology in Hindi http://hindijyotish.com/ ©2007 www.bloglikhi.com India bloglikhi.com 2012-05-21T23:35:18-04:00 शनि की साढेसाती : चन्द्र के अनुसार सहनशक्ति का मापन (Saturn's Transit: Endurance Test Through Moon) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/saturn-transit-moon.html 2009-10-20T01:08:00-04:00 2009-10-20T01:08:00-04:00 Acharya Shashikant जन्म राशि के शनि के निकट आने पर शनि की साढेसाती आरम्भ होती है. और जन्म राशि का अर्थ है कुण्डली की वह राशि जिसमे चन्द्र स्थित है (Janma Rashi is the sign in which Moon was placed at the time of birth). इसलिए जन्मागं मे चन्द्र की स्थिति शनि की साढेसाती की अवधि के शुभ फलों मे कमी या बढोतरी के पूरी तरह से प्रभावित करती है. शनि का कन्या राशि मे प्रवेश : कितना शुभ कितना अशुभ (Saturn's Transit into Virgo) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/shani-sadesati-tula-rashi.html 2009-09-07T06:25:00-04:00 2009-09-07T06:25:00-04:00 Acharya Shashikant शनि 10 सितम्बर 09 को अपनी राशि बदल रहे है. इस समय मे शनि कन्या राशि (Shani Gochar in Kanya Rashi) मे प्रवेश करेगे. तथा जिसके फलस्वरुप तुला राशि की साढेसाती (Shani Sade Sati for Tula Rashi) आरम्भ हो जायेगी. यह समय तुला राशि के व्यक्तियों के लिए भरपूर मेहनत कर लाभ पाने का रहेगा. तुला राशि मे चढती साढेसाती रहेगी. आने वाले पूरे पांच साल तुला राशि के लिए अच्छे रहेगे. शनि की ढ़ईया (Shani's Dhaiya) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/saturn_dhaiya.html 2008-08-30T04:07:00-04:00 2008-08-30T04:07:00-04:00 Hindi Jyotish भगवान शंकर जब गणों को कार्य सौंप रहे थे उस समय उन्हेंने शनिदेव को अधिकार दिया कि वे दुष्ट व्यक्तियों को दण्ड देंगे। शनि उस दिन से धरती पर ही लोगों को कर्म के अनुरूप दंड देते हैं। साढ़े साती और ढईया शनि के दंड का स्वरूप है।