Astrology in Hindi http://hindijyotish.com/ ©2007 www.bloglikhi.com India bloglikhi.com 2012-05-22T00:38:48-04:00 शनि का कन्या राशि मे प्रवेश : सिंह राशि के लिए फल विचार (Transit of Saturn into Virgo and Leo Moonsign) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/transit-saturn-into-virgo-and-leo-moonsign.html 2009-09-12T07:48:00-04:00 2009-09-12T07:48:00-04:00 Acharya Shashikant कन्या राशि मे शनि के प्रवेश के साथ ही सिंह राशि के जातको के लिए साढेसाती का तीसरा चरण आरम्भ होता है (The third phase of Sadhe sati wil start for Leo Moonsign on 10th September). कन्या राशि का स्वामी बुध ग्रह शनि का मित्र है (Lord of Virgo Mercury is a friend of Saturn). शनि इस समय सिंह राशि से दूसरे घर मे रहेगा. और कन्या राशि से वह अपनी तीसरी दृ्ष्टि से चौथे घर मे स्थित वृ्श्चिक राशि को देखेगा. शुभ ग्रहों के साथ शनि का सम्बन्ध (Shani and Shubh Grah) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/shani-and-shubh-grah.html 2009-01-18T17:05:00-05:00 2009-01-18T17:05:00-05:00 Acharya Shashikant शनि ग्रह ज्यौतिष में अशुभ माना जाता है। यह ग्रह जिस किसी भी भाव में एवं ग्रह के साथ होता है उससे सम्बन्धित विषय में कुछ न कुछ विपरीत प्रभाव डालता है। शनि ताजिक ज्योतिष में (Shani in Tajik Jyotish) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/shani-in-tajik-jyotish.html 2009-01-15T11:05:00-05:00 2009-01-15T11:05:00-05:00 Acharya Shashikant यूनानी ज्योतिष विधि जिसे ताजिक ज्योतिष (Tajik Jyotish) कहते उसमें भी शनि के विभिन्न भाव के फलों का जिक्र किया गया है. ज्योतिष उपाय-2: गुरू, शुक्र एवं शनि - Astrological Remedies for Guru, Shukra and Shani http://hindijyotish.com/vedic-astrology/jyotish_planets_remedies_part_2.html 2008-12-27T05:55:00-05:00 2008-12-27T05:55:00-05:00 Sukant सभी ग्रहों की अपनी शक्ति है और वे क्षेत्र विशेष के स्वामी हैं. हमारी कुण्डली में जो ग्रह कमज़ोर होते हैं अथवा नीच या पीड़ित होते हैं उनसे हमें कष्ट मिलता है. इस स्थिति में ग्रह उपाय करना चाहिए. शनि का पाया या पाव (Shani's Paya) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/paya_of_saturn.html 2008-08-31T12:56:00-04:00 2008-08-31T12:56:00-04:00 Hindi Jyotish शनि देव के विषय में आम विचारधारा यह है कि शनि कष्टकारी और अशुभफलदायी ग्रह है। शनि के कोप से बचने हेतु हम आप जाने क्या क्या नहीं करते। अगर आप भी शनि से भयभीत हैं तो आइये जानें शनि का सच। शनि की ढ़ईया (Shani's Dhaiya) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/saturn_dhaiya.html 2008-08-30T04:07:00-04:00 2008-08-30T04:07:00-04:00 Hindi Jyotish भगवान शंकर जब गणों को कार्य सौंप रहे थे उस समय उन्हेंने शनिदेव को अधिकार दिया कि वे दुष्ट व्यक्तियों को दण्ड देंगे। शनि उस दिन से धरती पर ही लोगों को कर्म के अनुरूप दंड देते हैं। साढ़े साती और ढईया शनि के दंड का स्वरूप है। साढे साती के लक्षण और उपाय (Symptoms and Remedies of Sadhe Sati) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/symptom_and_remedy_of_sadhe_sati.html 2008-08-22T13:11:00-04:00 2008-08-22T13:11:00-04:00 Hindi Jyotish जीवन में जब कभी मुश्किलों का दौर आता है हम कहते हैं यह शनि देव का कोप है जबकि इसका कारण कुछ और भी हो सकता है। शनि देव आपसे नाराज़ हैं और उनकी साढ़े साती आपको परेशान कर रही है या किसी अन्य कारण से आप मुश्किलों में हैं, इसे आप स्वयं पहचान सकते हैं। यहां आपसे हम साढ़े साती के लक्षण के विषय में बात करते हैं और अगर आप इससे पीड़ित हैं तो किस प्रकार मुक्त हो सकते हैं इन्हीं मुद्दों पर बात करने जा रहे हैं। साढे साती भी शुभ होती है। (Sadhe Sati can be auspicious for you) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/sadhe_sati_is_auspicious_for_you.html 2008-08-20T12:44:00-04:00 2008-08-20T12:44:00-04:00 Hindi Jyotish भगवान सूर्य और देवी छाया के पुत्र शनि के कोप से लोग सदा से भयभीत रहे हैं। वास्तव में देखा जाय तो भय का कोई कारण ही नहीं है, हम आप व्यर्थ ही शनि के ढ़ईया और साढ़े साती से घबराये रहते हैं। शनि से डरने की बजाय हम आप उनकी भक्ति पूजा करें और सद्कर्म में जुटे रहें तो शनि की साढ़े साती और ढईया आप पर विपरीत असर डालने की बजाय आपको लाभ ही प्रदान करेंगे। साढ़े साती का फेर (All about Shani's Sade Sati) http://hindijyotish.com/vedic-astrology/period_of_sani_sadhe_sati.html 2008-08-21T06:14:00-04:00 2008-08-21T06:14:00-04:00 Hindi Jyotish आपने देखा होगा शनिवार को काफी संख्या में लोग शनि मंदिर में जाकर तेल, तिल, उड़द आदि शानि देव को भेंट करते हैं एवं दीया जलाते हैं। शनि देव के प्रति इस प्रकार की भक्ति का कारण है अनजाना भय। इस अनजाने भय का नाम है ढईया और साढ़े साती। हम यहां इसी अनजाने भय से रूबरू होते हैं और बात करते हैं साढ़े साती के विषय में. लाल किताब में शनि का प्रत्येक भाव के लिए उपाय (Lal Kitab Remedies for Saturn in each house) http://hindijyotish.com/lal-kitab/lal_kitab_remedies_for_saturn.html 2008-02-24T11:48:00-05:00 2008-02-24T11:48:00-05:00 Acharya Shashikant शनि देव के प्रकोप से हम सभी भयभीत रहते हैं। शनि की साढ़े साती हो या ढईया इनका नाम सुनते ही घबराहट सी महसूस होने लगती है। लाल किताब में शनि के प्रकोप से बचने के लिए आसान उपाय दिये गये हैं। इस लेख में इन्हीं उपायों के बारे में जिक्र किया जा रहा है।